अगर आप भी चाहते है वजन घटना तो, दालचीनी का प्रयोग इस विधि से जरुर करके देंखें

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दालचीनी या दलचिनी ने मसाले पर एक स्वादिष्ट गार्निश होने की बजाय वजन कम करने के लिए मसाले के रूप में अधिक लोकप्रियता प्राप्त की है। यह लोकप्रिय सुपरफूड न केवल खाद्य पदार्थों में स्वाद जोड़ता है बल्कि उच्च वसा वाले खाद्य पदार्थों के हानिकारक प्रभाव को भी कम करता है। इसके एंटीइंफ्लैमेंटरी और एंटी-बैक्टीरियल गुण खाद्य को बेहतर तरीके से संसोधित करने में मदद करते हैं और अंततः वजन कम करते हैं।

लगभग 1 चम्मच दालचिनी में 1.6 ग्राम फाइबर होता है जो आपको पूर्ण रखने में मदद करता है और फाइबर की अपनी दैनिक खुराक तक पहुंच जाता है। अपने आहार में सिलोन दालचीनी का उपयोग करना सबसे अच्छा है क्योंकि इसमें कम क्यूमरिन होता है। सामान्य कैसिया दालचीनी में क्यूमरिन की अधिक मात्रा होती है जो यकृत क्षति का कारण बन सकती है।

वजन घटाने के लिए दालचिनी के लाभ

चीनी के स्तर को नियंत्रित करता है

दलचिनी या दालचीनी शरीर में रक्त शर्करा के स्तर को नियंत्रित करने के लिए जाना जाता है। इसमें मौजूद कुछ यौगिक इंसुलिन स्पाइक्स को कम करते हैं और शरीर को इंसुलिन का अधिक प्रभावी ढंग से उपयोग करने में मदद करते हैं। दलचिनी चीनी की वसा में परिवर्तन को रोकती है।

आपको पूर्ण रखता है

दलचिनी का एक चम्मच शरीर में कम पेट की वसा को भंग करने में मदद करता है। यह पेट से भोजन को आंत में ले जाने में देरी करता है और कार्बोहाइड्रेट को अधिक कुशलता से संसाधित करता है, जिससे आप पूर्ण हो जाते हैं।

पाचन में मदद करता है

दलचिनी की नियमित खपत पेट और आंतों को सूखाती है। यह गैस, कब्ज, मतली और दस्त से मुक्त करके कोलन कार्यों में भी सुधार करता है। शरीर से संचित जहरीले पदार्थों को हटाकर, यह वजन घटाने में सहायता करता है।

शहद और दालचीनी की चाय Weight Loss के लिए बहुत कारगर मानी जाती है.

दालचीनी और शहद दोनों ही में यह खासियत है कि यह आपको देर तक भूख लगने का एहसास नहीं होने देते जोकि वजन घटाने के लिए एक अच्छी बात है. शहद कई विटामिनों और मिनरल्स से भरपूर होता है, जोकि शरीर को पोषण भी देते हैं. कई स्टडीज से यह सिद्ध भी हुआ है कि शहद खाने से ट्राईग्लिसेराइड, कोलेस्ट्रॉल और शरीर का वजन कम होता है.

शहद दालचीनी की चाय कैसे बनाये और कब पियें

एक कप पानी उबालें.

उबलते पानी में आधा चम्मच दालचीनी पाउडर मिला दें. अब यह पानी ठंडा होने दें.

जब पानी हल्का गर्म रह जाये और पीने लायक बन जाये तो इसमें 1 चम्मच शहद मिक्स कर लें.

वजन घटाने वाली दालचीनी शहद चाय पीने के लिए तैयार है.

दालचीनी के अन्य फायदे :-

दांत के दर्द से आराम पाने के लिए दालचीनी का सेवन

जिन लोगों को दांत में दर्द की शिकायत रहती है, वे लोग दालचीनी का फायदा (Dalchini ke fayde) ले सकते हैं। दालचीनी के तेल को रूई से दांतों में लगाएं। इससे आराम मिलेगा।

दालचीनी के 5-6 पत्तों को पीसकर मंजन करें। इससे दांत साफ, और चमकीले हो जाते हैं।

दालचीनी का प्रयोग कर सिर दर्द से आराम

अगर आप सिर दर्द से परेशान रहते हैं, तो दालचीनी का सेवन करें। दालचीनी के 8-10 पत्तों को पीसकर लेप बना लें। दालचीनी के लेप को मस्तक पर लगाने से ठंड, या गर्मी से होने वाली सिर दर्द से आराम मिलता है। आराम मिलने पर लेप को धोकर साफ कर लें।

दालचीनी के तेल से सिर पर मालिश करें। इससे सर्दी की वजह से होने वाले सिरदर्द से आराम मिलती है।

दालचीनी, तेजपत्ता, तथा चीनी को बराबर-बराबर मात्रा में मिला लें। इसे चावल के धोवन (चावल को धोने के बाद निकाला गया पानी) से पीस कर बारीक चूर्ण बना लें। इसे नाक के रास्ते लें। इसके बाद गाय के घी को भी नाक के रास्ते लें। इससे सिर से संबंधित विकारों में आराम मिलता है।

आप तंत्रिका-तंत्र संबंधी परेशानियों के लिए दालचीनी के तेल को सिर पर लगाएं। इससे फायदा होता है।

जुकाम में दालचीनी का इस्तेमाल

दालचीनी को पानी में घिस कर, गर्म कर लें, और लेप के रूप में लगाएं। इससे जुकाम में फायदा होता है।

दालचीनी का रस निकालकर सिर पर लेप करने से भी लाभ (benefits of Dalchini) होता है। [Go to: Dalchini ke fayde]

दालचीनी के उपयोग से खांसी में फायदा

खांसी के इलाज के लिए दालचीनी का प्रयोग करना फायदेमंद होता है। खांसी से परेशान रहने वाले लोग आधा चम्मच दालचीनी के चूर्ण को, 2 चम्मच मधु के साथ सुबह-शाम सेवन करें। इससे खांसी से आराम मिलता है।

दालचीनी के पत्ते का काढ़ा बना लें। 10-20 मिली मात्रा में सेवन करने से खांसी ठीक होती है।

एक चौथाई चम्मच दालचीनी के चूर्ण में 1 चम्मच मधु को मिला लें। इसे दिन में तीन बार सेवन करने से खांसी, और दस्त में फायदा होता है।

दालचीनी का उपभोग कैसे करें

लगभग 5-10 मिनट तक पानी में दालचीनी उबालें और फिर इसे दबा दें। एक चम्मच शहद डालें और नाश्ते से आधे घंटे पहले उपभोग करें।

आमतौर पर तैयार की जाने वाली चाय में दालचिनी डाला जा सकता है।

मिर्च व्यंजन या अन्य भोजन पर दालचीनी पाउडर भी छिड़क दिया जा सकता है।

इसे रस के साथ मिश्रित भी किया जा सकता है।

दालचीनी के साइड इफेक्ट्स

आवश्यक मात्रा से अधिक में दालचीनी डालने से आपके स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।

यह जिगर की क्षति का कारण बन सकता है

मुंह का घाव हो सकता है

कम रक्त शर्करा हो सकती है

सांस लेने की समस्या हो सकती है

दवा के साथ अंतःक्रिया कर सकती है

अगर आपको इससे कोई फायदा लगे तो इसे शेयर करके औरों को भी बताएं. साथ ही ध्यान रखें कि सभी घरेलु नुस्खे सभी के लिए बराबर कारगर नहीं होते. अपनी तासीर के हिसाब से इनका इस्तेमाल करें. कोई भी दिक्कत हो तो तुरंत वैद्य या चिकित्सक से संपर्क करें.

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